राज्य सरकार तय कइले बिया कि ग्राम प्रधान लोग का तरफ से दायर मुकदमा अबसे सरकारीए वकील लड़ीहे. पहिले लोग अपना मन से कवनो निजी वकील के सेवा ले लेत रहुवे आ वकील साहबान के फीस ग्राम पंचायत का कोष दे दिहल जात रहुवे. अगर बहुते जरुरी होखी त जिलाधिकारी से पहिले अनुमति लिहला का बादे निजी वकील के सेवा लिहल जा सकी. एह तरह के निर्देश सगरी जिला पंचायत राज अधिकारियन के भेज दिहल गइल बा.

By admin

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