राजा का बाद अब महाराजा घोटाला में

मनमोहन सिंह के अधीन मंत्रालय में टूजी स्पेक्ट्रम से बड़हन घोटाला सामने आइल बा आ मनमोहन चुप्पी साध लिहले बाड़न. देश के जनता उनुका से जानल चाहत बिया कि अतना बड़हन घोटाला उनुका मंत्रालय में कइसे हो गइल बाकिर मनमोहन सिंह कुछ बोले बतावे के तइयार नइखन. हँ सरकार का तरफ से जरुर संकेत मिलल बा कि एस बैंड स्पैक्ट्रम आँवटन रद्द कर दिहल जाई. एह घोटाला के जवाब प्रधानमंत्री से माँगल जा रहल बा. अन्नाद्रमुक नेता जय ललिता आ भाजपा सोझे प्रधानमंत्री के दोषी ठहरावत लउकत बाड़े आ उनुके से जवाब माँगल जा रहल बा. संसद शुरु होखे से पहिले एह बड़हन घोटाला के उजागर भइला से लागत बा कि विपक्ष के ध्यान बँटावे खातिर टू जी स्पैक्ट्रम घोटाला पर जेपीसी बइठावे के माँग मान लिहल जाई. जबकि ओहू ले बड़हन घोटाला एह एस बैंड में भइल बा जवना से देश के दू लाख करोड़ के नुकसान भइल बा. देश में अतना भठियारा सरकार एहसे पहिले ना आइल रहे. एकाध गो घोटाला होत रहे आ दोषी पकड़ातो रहल बाड़न बाकिर सीधे प्रधानमंत्री पर अतना बड़ घोटाला के आरोप ना लागल रहे. सभे मानत बा कि मनमोहन सिंह अपने इमानदार हउवें बाकिर अपना मुँहदुबर सुभाव का चलते सगरी घोटाला चुपचाप देखत रहेले आ मलकिनी के इशारा के इंतजार करत रहेले.